May 31, 2026 11:16 am

English

हिन्दी

Search
Close this search box.

मुख्यमंत्री से मीटिंग के आश्वासन के बाद खत्म हुई हड़ताल, आज से चली पनबस/रोडवेज की बसें

जालंधर : रोडवेज/पनबस कर्मचारियों की तीन दिनों की हड़ताल दूसरे दिन खत्म कर दी गई। यात्रियों के लिए यह राहत की खबर है क्योंकि अब शनिवार से रूटीन की तरह ही बसें चलेगी। हड़ताल के कारण जिन लोगों ने दूसरे राज्यों में जाने के अपने कार्यक्रम स्थगति किए हैं, उन्हें अब रूटीन की तरह बसें मिल जाएगी। हड़ताल के दूसरे दिन अधिकारियों द्वारा यूनियन नेताओं को मुख्यमंत्री से मीटिंग करवाने का आश्वासन दिलाया गया है। अधिकारियों ने हड़ताल दूसरे दिन समाप्त तो करवा ली लेकिन पनबस व रोडवेज की बसें नहीं चलाई गई। दोपहर के समय मिले आश्वासन के बाद यूनियन ने फैसला लिया कि बसें शनिवार सुबह से ही चलेगी। यूनियन की हड़ताल के कारण दूसरे दिन भी यात्रियों को बेहद परेशानी उठानी पड़ी क्योंकि रोडवेज व पबनस की कोई बस डिपू से निकाली ही नहीं गई। पंजाब के लिए तो प्राइवेट बसें चल रही थी लेकिन दूसरे राज्यों में जाने वाले यात्रियों को बाहरी राज्यों से आने वाली बसों का इंतजार करना पड़ रहा था। इसका कारण यह है कि प्राइवेट ट्रांसपोर्टर के पास दूसरे राज्यों के परमिट बेहद कम है। यात्रियों की संख्या अधिक होने के कारण दूसरे राज्यों की बसों में सफर करने वाले कई यात्रियों को खड़े होकर जाना पड़ा। यूनियन के डिपो चेयरमैन जसबीर सिंह ने बताया कि हड़ताल के दूसरे दिन पंजाब के सभी शहरों से कर्मचारी मुख्यमंत्री के शहर पटियाला में प्रदर्शन करने के लिए पहुंचे। ठेका कर्मचारी संघर्ष मोर्चा की अगुवाई में पहुंचे सैकड़ों कर्मचारियों को प्रशासन द्वारा रास्ते में रोक दिया गया और इस दौरान वरिष्ठ अधिकारियों ने लिखित में आश्वासन दिया। इसमें बताया गया है कि मुख्यमंत्री के साथ 18 मार्च को चंडीगढ़ में मीटिंग होगी व मांगे मानी जाएगी। जसबीर ने कहा कि मांगे मानने व मुख्यमंत्री के साथ मीटिंग के आश्वासन के चलते हड़ताल को स्थगित किया गया है। इस दौरान यदि मांगे पूरी नहीं होती तो वह अनिश्चितकालिन हड़ताल पर जाने को मजबूर हो जाएंगे।

दिल्ली रूट पर जाने वाले यात्री हुए सबसे अधिक परेशान
रोडवेज/पनबस कर्मचारियों की हड़ताल के कारण सबसे अधिक परेशानी दिल्ली रूट पर जाने वाले यात्रियों को उठानी पड़ी। पंजाब में कर्मचारियों की हड़ताल के चलते हरियाणा रोडवेज द्वारा बड़ी संख्या में बसें पंजाब को रवाना की गई लेकिन इसके बावजूद यात्री अधिक रहे। हरिद्वार व हिमाचल की बसें बेहद कम संख्या में पंजाब आती है, जिसके चलते कई यात्री घंटों इंतजार करके वापस घरों को लौट गए।

Kranti Headline
Author: Kranti Headline

Total Page Visits: 456 - Today Page Visits: 1

Leave a Comment

Read More